चलता जा, चलता जा।।

चलता जा चलता जा।

रुकना तेरा काम नहीं।।

रुकेगा तू जहाँ ।

मिलेगी तुझे हार वहीं।।

रुकते वो हैं जो डर जातें हैं।

डरते वो हैं जो मर जातें हैं।।

तुझे तो जीते जाना हैं।

मरना तेरा काम नहीं।।

तू बस कामयाबी के चोटी के ऊपर।

चढ़ता जा चढ़ता जा।।
यूँ तो लाखों मुश्किलें आएँगी।

यूँ तो कई मुसीबतें सताएँगी।।

तुझे तो यूँ ही लड़ते रहना है।

हारना तेरा काम नहीं।।

लड़ता जा लड़ता जा।।
तेरा दिल भी लाख बार टूटेगा।

अपनों का साथ भी लाख बार छुटेगा।।

तुझे तो यूँ ही हँसतें जाना है।

रोना तेरा काम नहीं।।

हँसता जा हँसता जा।।
समय किसी के लिए रुकता नहीं।

वो किसी का मोहताज़ नहीं।।

कभी नहीं झुकता वो।

वो तेरी आवाज़ नहीं।।
मिला वक़्त के कदम से कदम।

पिछड़ना तेरा काम नहीं।

अब अपने आप से ही आगे तूँ।

निकलता जा निकलता जा।।
अब और तूँ सह नहीं सकता।

अब और दुःख तुझपर रह नहीं सकता।।

लड़ तूँ अपनी खुशियों के लिए।

चुप बैठना तेरा काम नहीं।

बस संघर्ष अब तूँ।

करता जा करता जा।।
है जज़्बा तुझमें भी।

है ताक़त तुझमें भी।।

बस जगा एक हिम्मत की ज्वाला।

और आगे तूँ..

बढ़ता जा बढ़ता जा।।

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